पीआर टी महाविद्यालय में गूंजा गुरु सम्मान का गौरव, धूमधाम से मनाया शिक्षक दिवसnarmadanewstimes. in
“पीआर टी महाविद्यालय में गूंजा गुरु सम्मान का गौरव, धूमधाम से मनाया शिक्षक दिवस
”
“शिक्षक वह शिल्पकार है, जो विद्यार्थियों के भविष्य को आकार देकर राष्ट्र के निर्माण की नींव रखता है”—डॉ. अनिल सक्सेना
अनूपपुर । 5 सितंबर शिक्षक केवल ज्ञान देने वाला
व्यक्ति नहीं, बल्कि विद्यार्थी के जीवन को दिशा देने वाला वह मार्गदर्शक है, जो साधारण प्रतिभा को असाधारण व्यक्तित्व में बदलने का कार्य करता है। इसी भावना को आत्मसात करते हुए पीआर टी महाविद्यालय, अनूपपुर में शिक्षक दिवस के अवसर पर गुरुओं के सम्मान में भव्य एवं गरिमामई कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ भारत के महान शिक्षाविद् एवं पूर्व राष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के छायाचित्र पर दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण के साथ हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि शासकीय प्रधानमंत्री एक्सीलेंस, तुलसी महाविद्यालय, अनूपपुर के प्राचार्य डॉ. अनिल सक्सेना रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता पीआर टी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के संचालक डॉ. देवेन्द्र कुमार तिवारी ने की।
इस अवसर पर सेवानिवृत्त शिक्षक बृजभूषण शुक्ला एवं हरिशंकर वर्मा, शासकीय कन्या महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजयराज सिंह, शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य एस.के. मिश्रा तथा पीआर टी महाविद्यालय के फाउंडर, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के माननीय जिला संघचालक एवं वरिष्ठ शिक्षक राजेन्द्र प्रसाद तिवारी सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।
*गुरुओं का सम्मान बना कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण*
पीआर टी ग्रुप के संचालक डॉ. देवेन्द्र कुमार तिवारी द्वारा उपस्थित सभी शिक्षकों एवं अतिथियों का पुष्पगुच्छ, शॉल एवं श्रीफल भेंट कर सम्मान किया गया। विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत स्वागत गीत ने कार्यक्रम में भावनात्मक एवं आत्मीय वातावरण निर्मित कर दिया।
मुख्य अतिथि डॉ. अनिल सक्सेना ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि “शिक्षक विद्यार्थियों को केवल विषय का ज्ञान नहीं देता, बल्कि उनके संस्कार, सोच, चरित्र और भविष्य को गढ़ता है। जीवन में सफलता के लिए निरंतर सीखने, अनुशासन और अच्छे संस्कारों को अपनाना आवश्यक है।” उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन में निरंतर प्रगति के पथ पर आगे बढ़ने तथा अपने शिक्षकों के मार्गदर्शन को जीवन की पूंजी बनाने की सीख दी।
अन्य अतिथियों ने भी विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए मेहनत, अनुशासन, संस्कार, सकारात्मक सोच और लक्ष्य के प्रति समर्पण को सफलता का आधार बताया।
*केक काटकर मनाया शिक्षक दिवस, प्रस्तुतियों ने बांधा समां*
शिक्षक दिवस के अवसर पर विद्यार्थियों ने अतिथियों एवं शिक्षकों के साथ केक कटवाकर शिक्षक दिवस सेलिब्रेट किया। इस दौरान विद्यार्थियों में ख़ासा उत्साह देखने को मिला। विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समारोह में चार- चांद लगा दिए।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित अतिथियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने शिक्षक-शिष्य परंपरा की गरिमा को बनाए रखने तथा शिक्षा को संस्कार एवं राष्ट्र निर्माण से जोड़ने का संकल्प लिया।
“सम्मान एक दिन का नहीं, संस्कार पूरी जिंदगी का”
कार्यक्रम को सफल बनाने में पीआर टी महाविद्यालय परिवार एवं विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता की। विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी ने यह संदेश दिया कि गुरु का सम्मान केवल एक दिन की औपचारिकता नहीं, बल्कि जीवनभर कृतज्ञता और संस्कार की पहचान है।
कार्यक्रम सौहार्द्रपूर्ण वातावरण में विद्यार्थियों की मनमोहक प्रस्तुतियों के साथ संपन्न हुआ।










