राज्य स्तरीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता में रंजीत सिंह ने जीता स्वर्ण पदक


राष्ट्रीय शालेय प्रतियोगिता के लिए किया क्वालीफाई, भारत ज्योति विद्यालय, अनूपपुर में हर्ष का माहौल

अनूपपुर। मध्य प्रदेश शासन के स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा शिवपुरी में आयोजित 70वीं शालेय राज्य स्तरीय बालक-बालिका एथलेटिक्स प्रतियोगिता में शहडोल संभाग के खिलाड़ी रंजीत सिंह ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीतकर संभाग एवं अपने विद्यालय का नाम रोशन किया है। इस गौरवपूर्ण उपलब्धि से भारत ज्योति विद्यालय, अनूपपुर में हर्ष और उत्साह का माहौल है।

7 अक्टूबर से 11 अक्टूबर 2026 तक आयोजित इस राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में 9 अक्टूबर को हुए तवा फेंक (डिस्कस थ्रो) के फाइनल मुकाबले में रंजीत सिंह ने 28.55 मीटर की दूरी तक तवा फेंककर प्रथम स्थान प्राप्त किया और स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस शानदार प्रदर्शन के आधार पर उन्होंने आगामी राष्ट्रीय शालेय प्रतियोगिता में मध्य प्रदेश का प्रतिनिधित्व करने के लिए भी अपना स्थान सुनिश्चित किया है। राष्ट्रीय शालेय प्रतियोगिता का आयोजन 12 से 16 नवंबर 2026 तक शिवपुरी में प्रस्तावित है।

रंजीत सिंह, पिता  मोहन सिंह एवं माता श्रीमती गायत्री देवी, की इस सफलता के पीछे उनकी मेहनत, अनुशासन, नियमित अभ्यास और खेल के प्रति समर्पण का महत्वपूर्ण योगदान है। उनकी यह उपलब्धि अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणास्रोत है।

विद्यालय परिवार ने दी बधाई

रंजीत सिंह की इस उल्लेखनीय सफलता पर भारत ज्योति विद्यालय, अनूपपुर के प्राचार्य फादर जी. अलेक्जेंडर, उपप्राचार्या सिस्टर जिस मारिया तथा समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। विद्यालय परिवार ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए आशा व्यक्त की कि वे राष्ट्रीय स्तर पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर मध्य प्रदेश और विद्यालय का गौरव बढ़ाएँगे।

विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि विद्यार्थियों की खेल प्रतिभा को प्रोत्साहित करना और उन्हें अपनी क्षमताओं को निखारने के अवसर प्रदान करना विद्यालय की प्राथमिकताओं में शामिल है। रंजीत सिंह की यह स्वर्णिम सफलता मेहनत, लगन और निरंतर अभ्यास से लक्ष्य प्राप्त करने का प्रेरक उदाहरण है।

प्रशासनिक और खेल अधिकारियों ने दी बधाई

रंजीत सिंह की इस ऐतिहासिक स्वर्णिम विजय और राष्ट्रीय स्तर पर चयन होने की खबर मिलते ही शहडोल संभाग के प्रशासनिक और खेल गलियारों में खुशी की लहर दौड़ गई। संयुक्त संचालक (लोक शिक्षण) शहडोल संभाग उमेश कुमार धुर्वे, जिला शिक्षा अधिकारी शहडोल अतुल चौधरी, उमरिया के जिला शिक्षा अधिकारी भूपेंद्र वर्कडे, अनूपपुर के जिला शिक्षा अधिकारी तुलाराम आर्मो तथा सहायक संचालक (खेल) रईस अहमद और सुदर्शन मिश्रा ने इस सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए खिलाड़ी को बधाई दी।

इसके साथ ही जिला खेल अधिकारी (उमरिया) शेख सलीम, जिला खेल अधिकारी (शहडोल) रामरुद्र पटेल, जिला खेल अधिकारी (अनूपपुर) खलील कुरैशी तथा टीम के साथ मैदान पर मुस्तैद प्रमुख प्रबंधक राजेश कुमार वर्मा, कोच अंकित कुशवाहा एवं श्रीमती संतोष कोल सहित वरिष्ठ अधिकारियों और खेल प्रशिक्षकों ने रंजीत सिंह के उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। अधिकारियों ने विश्वास जताया है कि रंजीत आगामी नेशनल गेम्स में भी स्वर्ण पदक जीतकर मध्य प्रदेश का मान पूरे देश में बढ़ाएंगे।

 🌹 हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं🌹

लवली खनूजा भाई जी।।

असेंबली ऑफ एमपी जर्नलिस्ट्स


आदरणीय  लवली खनूजा जी को प्रांतीय संगठन सचिव के महत्वपूर्ण पद पर नियुक्त किए जाने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।

प्रदेश अध्यक्ष आदरणीय  राधावल्लभ शारदा जी द्वारा आपको यह महत्वपूर्ण दायित्व सौंपा जाना आपके अनुभव, कार्यक्षमता एवं संगठन के प्रति समर्पण का सम्मान है।

हमें पूर्ण विश्वास है कि आपके नेतृत्व, निष्ठा और सक्रिय भूमिका से संगठन को नई मजबूती मिलेगी तथा पत्रकारों के हितों की रक्षा एवं उनके सम्मान को बढ़ाने की दिशा में उल्लेखनीय कार्य होंगे।

💐 आपके उज्ज्वल कार्यकाल एवं सफल भविष्य के लिए अनंत मंगलकामनाएं। 💐

 भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा पीआर टी महाविद्यालय अनूपपुर में मोबाइल डी-एडिक्शन कार्यशाला आयोजित




“रील लाइफ से निकलकर रियल लाइफ में आएं और उज्ज्वल भविष्य का आधार मजबूत बनाएं” — डॉ. देवेंद्र तिवारी

अनूपपुर। दिनांक 08 सितंबर 2026 भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, जिला अनूपपुर द्वारा सेवा संस्कार अभियान के अंतर्गत कलेक्टर  रत्नाकर झा के निर्देशानुसार एवं सभापति डॉ. आर.पी. सोनी के मार्गदर्शन में पीआर टी महाविद्यालय अनूपपुर में मोबाइल डी-एडिक्शन (मोबाइल की लत से मुक्ति) विषय पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला की मुख्य वक्ता इस्कॉन अनूपपुर की सुश्री गौरांगी भारद्वाज रहीं।

कार्यशाला में विद्यार्थियों के बीच बढ़ते मोबाइल उपयोग और उसके दुष्प्रभावों पर विस्तार से चर्चा की गई। सुश्री गौरांगी भारद्वाज ने अत्यंत सरल, रोचक एवं प्रेरक शैली में विद्यार्थियों को समझाया कि मोबाइल का अत्यधिक उपयोग एकाग्रता में कमी, मानसिक थकान, आँखों पर प्रतिकूल प्रभाव तथा व्यवहार एवं दिनचर्या में असंतुलन जैसी समस्याओं का कारण बन सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों को मोबाइल के प्रति अपनी निर्भरता कम करने, समय का सदुपयोग करने, अध्ययन पर ध्यान केंद्रित करने तथा वास्तविक जीवन के रिश्तों और गतिविधियों को प्राथमिकता देने के लिए प्रेरित किया। इनके साथ सुश्री विशाखा ने भी विद्यार्थियों के समक्ष प्रेरक उद्बोधन दिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। तत्पश्चात भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी के सदस्यों एवं महाविद्यालय के प्राध्यापकों का स्वागत किया गया। इसके बाद मुख्य वक्ता सुश्री गौरांगी भारद्वाज ने अपने प्रेरक उद्बोधन के माध्यम से विद्यार्थियों को डिजिटल संतुलन एवं सकारात्मक जीवन शैली का महत्व समझाया। लगभग दो घंटे चले इस सत्र में विद्यार्थियों ने अत्यंत उत्साह एवं गंभीरता के साथ सहभागिता की और मोबाइल की लत से बचने के व्यावहारिक उपायों को समझा।

इस अवसर पर भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी से  अशोक शर्मा कोषाध्यक्ष, अनिल तिवारी, रामप्रकाश द्विवेदी तथा पीआर टी महाविद्यालय के संचालक एवं रेडक्रॉस सोसायटी अनूपपुर के सचिव डॉ. देवेंद्र तिवारी सहित महाविद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।

डॉ. देवेंद्र तिवारी ने विद्यार्थियों को संदेश देते हुए कहा कि आज के डिजिटल युग में तकनीक का उपयोग आवश्यक है, लेकिन उसका विवेक पूर्ण और सीमित उपयोग ही सफलता का आधार है। विद्यार्थियों को रील लाइफ की आभासी दुनिया में उलझने के बजाय रियल लाइफ के लक्ष्यों, शिक्षा, कौशल विकास और व्यक्तित्व निर्माण पर ध्यान देना चाहिए। “रील लाइफ से निकलकर रियल लाइफ में आएं और अपने उज्ज्वल भविष्य का आधार मजबूत बनाएं” का संदेश देते हुए उन्होंने डिजिटल संतुलन, समय के सदुपयोग एवं सकारात्मक जीवनशैली अपनाने पर बल दिया।

कार्यक्रम के समापन अवसर पर मुख्य वक्ता सुश्री गौरांगी भारद्वाज को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया। महाविद्यालय परिवार एवं भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी की ओर से उनके प्रेरणादायी उद्बोधन तथा विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए आभार व्यक्त किया गया।

यह कार्यशाला विद्यार्थियों में मोबाइल के विवेकपूर्ण उपयोग, आत्म-अनुशासन और स्वस्थ डिजिटल आदतों के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रही।

 तुलसी महाविद्यालय में 'अखिल भारतीय शिक्षा समागम 2026' के अंतर्गत सांस्कृतिक एवं पारंपरिक कार्यक्रम का आयोजन




अनूपपुर । प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ़ एक्सीलेंस शासकीय तुलसी महाविद्यालय अनूपपुर में प्राचार्य डॉ. अनिल कुमार सक्सेना के संरक्षण एवं मार्गदर्शन में अखिल भारतीय शिक्षा समागम 2026 की थीम NEP: शिक्षा से विकसित भारत के अंतर्गत सांस्कृतिक एवं पारंपरिक कला कार्यक्रम का आयोजन किया गया कार्यक्रम की मुख्य अतिथि के रूप में वरिष्ठ प्राध्यापक  डॉ जे के संत, डॉ राधा सिंह एवं सुधा साहू, डॉ नीरज श्रीवास्तव की गरिमा में उपस्थिति रही। 

कार्यक्रम में विद्यार्थियों द्वारा विभिन्न प्रस्तुतियां दी गई जिनमें छत्तीसगढ़ी लोक नृत्य एवं घूमर नृत्य प्रमुख आकर्षण रहे साथ ही रंगोली के माध्यम से NEP 2020, 2047 में शिक्षा की परिकल्पना, ज्ञान से विकास जैसे संदेश अपने रंगोली के माध्यम से दर्शाए गए। 

इस अवसर पर विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए प्राचार्य ने कहा कि NEP -2020 का उद्देश्य शिक्षा को ज्ञान के साथ-साथ कौशल, रचनात्मक, संस्कृति एवं व्यक्तित्व विकास से जोड़ना है। डॉ. सरिता सिंह परिहार के द्वारा मंच संचालन, कार्यक्रम का सफल आयोजन डॉ. फरहा नाज़, डॉ. तरन्नुम शरबत, अंजलि कहार, श्रीमती वंदना प्रजापति के द्वारा रहा इस अवसर पर अनुपमा सिंह धुर्वे, डॉ शैली अग्रवाल, डॉ शोभा तिवारी,  ज्योति रौतेल, शिवानी पटेल आकांक्षा एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। अंत में कार्यक्रम संयोजक डॉ. मीना सिंह ने प्राध्यापकों एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया। शिक्षा से विकसित भारत की भावना को साकार करते हुए कार्यक्रम उत्साह एवं उल्लास के साथ संपन्न हुआ।

 AI और Gen-Z की रोजगार क्षमता पर शोध करेंगे आईजीएनटीयू के शोधार्थी जीयाराम


ICSSR की फुल-टाइम डॉक्टोरल फेलोशिप के लिए शोध प्रस्ताव स्वीकृत, डॉ. विनोद सेन के निर्देशन में होगा शोध

अमरकंटक। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय (आईजीएनटीयू), अमरकंटक के अर्थशास्त्र विभाग के शोधार्थी जीयाराम के शोध प्रस्ताव को भारतीय सामाजिक विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICSSR) द्वारा जारी फुल-टाइम डॉक्टोरल फेलोशिप के अंतर्गत स्वीकृति मिली है। जीयाराम के शोध का विषय “AI and Employability Among Gen-Z” है।

जीयाराम का शोध कार्य अर्थशास्त्र विभाग के डॉ. विनोद सेन के निर्देशन जारी हैं। उनका शोध वर्तमान समय में तेजी से बढ़ती आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक और Gen-Z युवाओं की रोजगार क्षमता (Employability) के बीच संबंधों का अध्ययन करेगा।

तकनीकी बदलावों के दौर में रोजगार के स्वरूप और कार्यक्षेत्र की आवश्यकताएं तेजी से बदल रही हैं। ऐसे में AI के बढ़ते प्रभाव के बीच Gen-Z युवाओं के कौशल, रोजगार के अवसरों, आवश्यक दक्षताओं तथा बदलते श्रम बाजार के अनुरूप उनकी तैयारी का अध्ययन महत्वपूर्ण है। जीयाराम का शोध इसी संदर्भ में AI और Gen-Z की employability के विभिन्न आयामों को समझने का प्रयास करेगा।

ICSSR की प्रतिष्ठित फुल-टाइम डॉक्टोरल फेलोशिप के लिए शोध प्रस्ताव का चयन जीयाराम की महत्वपूर्ण अकादमिक उपलब्धि माना जा रहा है। यह फेलोशिप उत्कृष्ट शोध प्रस्ताव के संदर्भ में दी जाती है, इससे शोध कार्य को नई दिशा मिलती है। जीयाराम का शोध राष्ट्र की उन्नति और प्रगति में सकारात्मक सहयोग करेगा।उनके शोध प्रस्ताव के स्वीकृत होने पर विश्वविद्यालय के अर्थशास्त्र विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. रक्षा सिंह, विभाग के अन्य शिक्षकों, शोधार्थियों एवं विश्वविद्यालय परिवार ने उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दीं तथा उनके सफल शोध कार्य की कामना की।


 *मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट (MPTM) 2026 का सातवां संस्करण भोपाल में बुधवार से; मुख्यमंत्री डॉ. यादव करेंगे शुभारंभ*

 *34 देशों के 100 से अधिक अंतरराष्ट्रीय और 15 राज्यों के 180 घरेलू टूर ऑपरेटर्स सहित 600 से अधिक प्रतिनिधि होंगे शामिल*

 *शुभारंभ अवसर पर राज्य में ₹1,100 करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्तावों और अनुबंधों को मिलेगा अंतिम रूप; सीहोर में ₹848.40 करोड़ का होगा मेगा निवेश समझौता*

 *वर्ष 2025 में 57% की ऐतिहासिक वृद्धि के साथ प्रदेश में 21.05 करोड़ पर्यटकों का अभूतपूर्व आगमन दर्ज*

 *चार दिवसीय आयोजन में होंगी 10 हजार से अधिक बी2बी बैठकें; 12 रणनीतिक एमओयू*

*बहुभाषी वेबसाइट संस्करण और डिजिटल हैंडबुक का होगा लोकार्पण*

अनूपपुर । 06 अक्टूबर 2026

मध्यप्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर, ऐतिहासिक स्थापत्य, जैव-विविधता और नैसर्गिक प्राकृतिक सौंदर्य को वैश्विक पटल पर नई पहचान दिलाने के उद्देश्य से 'मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट' (MPTM 2026) के सातवें संस्करण का आयोजन 07 से 10 अक्टूबर 2026 तक भोपाल स्थित कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर (मिंटो हॉल) में किया जा रहा है। यह प्रतिष्ठित आयोजन राज्य के पर्यटन परिदृश्य का अब तक का सबसे विशाल और रणनीतिक बिजनेस-टू-बिजनेस (बी2बी) नेटवर्किंग मंच सिद्ध होने जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 7 अक्टूबर, बुधवार को मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट का शुभारंभ करेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्कृति, पर्यटन, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार)  धर्मेन्द्र भाव सिंह लोधी करेंगे।

राज्य मंत्री  लोधी जी ने बताया कि मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट केवल एक व्यापारिक प्रदर्शनी नहीं है, बल्कि यह प्रदेश के सर्वांगीण आर्थिक विकास, स्थानीय रोजगार सृजन और वैश्विक सांस्कृतिक आदान-प्रदान का एक प्रभावी माध्यम है। राज्य सरकार वर्ष 2030 तक मध्यप्रदेश को देश का शीर्ष साहसिक पर्यटन स्थल बनाने की सुविचारित कार्ययोजना पर अग्रसर है। इसके साथ ही, प्रदेश को "भारत की वन्यजीव राजधानी" (Wildlife Capital of India) के रूप में ब्रांडिंग करते हुए संरक्षण-आधारित और पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन को प्राथमिकता दी जा रही है। सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी मॉडल) के माध्यम से विश्वस्तरीय सुविधाओं का विस्तार, ग्रामीण होमस्टे के जरिए स्थानीय समुदायों का सशक्तीकरण तथा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) व बहुभाषी डिजिटल तकनीकों के जरिए पर्यटकों के अनुभव को आधुनिक बनाना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

सचिव पर्यटन और प्रबंध संचालक एमपी टूरिज्म बोर्ड डॉ. इलैयाराजा टी. ने मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट की रूपरेखा, तैयारियों और रणनीतिक लक्ष्यों की जानकारी देते हुए बताया कि राज्य शासन की सुदृढ़ और प्रगतिशील पर्यटन नीतियों के फलस्वरूप मध्यप्रदेश में पर्यटन ने अप्रत्याशित वृद्धि हासिल की है। वर्ष 2025 में पर्यटकों के आवागमन में 57 प्रतिशत की ऐतिहासिक वृद्धि दर्ज की गई है, जिससे प्रदेश में पर्यटकों का कुल आंकड़ा 21.05 करोड़ तक पहुंच गया है। MPTM 2026 का मूल उद्देश्य इसी तीव्र संवृद्धि को वैश्विक निवेश, आधुनिक अधोसंरचना और सतत आजीविका के अवसरों में रूपांतरित करना है।

MPTM 2026 के इस संस्करण में विश्व के 34 से अधिक प्रमुख देशों के 100 से अधिक विदेशी प्रतिनिधि और पर्यटन स्टेकहोल्डर इस मार्ट में प्रत्यक्ष सहभागिता कर रहे हैं। इनमें यूनाइटेड किंगडम, जर्मनी, फ्रांस, स्पेन, इटली, ग्रीस, नीदरलैंड्स, पोलैंड, फिनलैंड, बुल्गारिया, बेलारूस, अल्बानिया, हंगरी और स्लोवाकिया जैसे प्रमुख यूरोपीय राष्ट्र शामिल हैं। अमेरिकी महाद्वीप से संयुक्त राज्य अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको; एशिया-प्रशांत क्षेत्र से ऑस्ट्रेलिया, जापान, दक्षिण कोरिया, सिंगापुर, मलेशिया, थाईलैंड, वियतनाम, इंडोनेशिया, फिलीपींस और श्रीलंका; तथा पश्चिम एशिया व अफ्रीका से संयुक्त अरब अमीरात, इजराइल, मॉरीशस, केन्या और रूस के प्रमुख टूर ऑपरेटर्स व ट्रैवल लेखक भोपाल पहुंच चुके हैं। राष्ट्रीय स्तर पर भी देश के 15 से अधिक राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों जिनमें दिल्ली, महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना, केरल, राजस्थान, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, गोवा, हरियाणा, ओडिशा तथा जम्मू और कश्मीर के 180 से अधिक प्रमुख घरेलू टूर ऑपरेटर्स भाग ले रहे हैं।

इस चार दिवसीय आयोजन की सबसे बड़ी व्यापारिक विशेषता 10 हजार से अधिक पूर्व-निर्धारित B2B बैठकें होंगी। इन व्यापारिक बैठकों के सुचारु संचालन के लिए एक अत्याधुनिक ऑनलाइन शेड्यूलिंग प्रणाली विकसित की गई है। इसके माध्यम से देश-विदेश के प्रतिष्ठित खरीदारों (Buyers), राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय टूर ऑपरेटरों, होटल समूहों, एयरलाइंस और ट्रैवल एजेंसियों का राज्य के 355 स्थानीय हितधारकों (होटलियर्स, रिसॉर्ट संचालकों, हेरिटेज प्रॉपर्टीज, होमस्टे स्वामियों और एडवेंचर स्पोर्ट्स संचालकों) से सीधा संवाद स्थापित होगा। प्रत्यक्ष और वर्चुअल दोनों माध्यमों से होने वाली ये बैठकें राज्य के स्थानीय पर्यटन उत्पादों, लोक-संस्कृति, हस्तशिल्प और अद्वितीय यात्रा पैकेजों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में सीधे स्थापित करने का मार्ग प्रशस्त करेंगी।

मध्यप्रदेश में निजी पूंजी निवेश और विश्वस्तरीय अधोसंरचना को गति देने की दृष्टि से MPTM 2026 एक ऐतिहासिक मील का पत्थर सिद्ध होगा। आयोजन के दौरान लगभग ₹1,100 करोड़ से अधिक के संयुक्त निवेश प्रस्तावों और अनुबंधों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसके अंतर्गत प्रदेश के विभिन्न अंचलों में होटल, वेलनेस रिसॉर्ट, लक्जरी टेंटेड कैंपिंग और इको-टूरिज्म इकाइयों की स्थापना के लिए 14 प्रमुख परियोजनाओं हेतु निजी निवेशकों को ₹252 करोड़ के 'लेटर ऑफ अवार्ड' (LOA) औपचारिक रूप से सौंपे जाएंगे। इसके अतिरिक्त, पर्यटकों की सड़क यात्रा को सुगम, सुरक्षित और स्वच्छ बनाने के लिए राज्य के 3 प्रमुख पर्यटन राजमार्गों पर अत्याधुनिक 'मार्ग सुविधा केंद्रों' (Way-side Amenities) के विकास हेतु भी LOA प्रदान किए जा रहे हैं।

इस निवेश अभियान का सबसे बड़ा आकर्षण सीहोर जिले के रामगढ़ में होने वाला ₹848.40 करोड़ का मेगा पर्यटन निवेश समझौता है। मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड एवं मेसर्स ए.आर.एम. फूड्स प्राइवेट लिमिटेड के मध्य संपन्न होने वाले इस ऐतिहासिक अनुबंध के अंतर्गत रामगढ़ में अंतरराष्ट्रीय स्तर का गोल्फ कोर्स, गोल्फ विला, वेलनेस रिसॉर्ट, लक्जरी होटल और उच्चस्तरीय आतिथ्य अधोसंरचना का निर्माण किया जाएगा। यह विशाल परियोजना न केवल विंध्य और मालवा क्षेत्र के पर्यटन मानचित्र को वैश्विक पहचान देगी, बल्कि इससे क्षेत्र में लगभग 920 प्रत्यक्ष और सैकड़ों अप्रत्यक्ष स्थानीय रोजगारों का सृजन होगा।

प्रदेश के पर्यटन तंत्र को भविष्योन्मुखी बनाने के उद्देश्य से MPTM 2026 में 12 विशिष्ट रणनीतिक एमओयू, एमओए और समझौतों पर विधिवत हस्ताक्षर किए जाएंगे। इन समझौतों में कौशल विकास के तहत भारतीय पर्यटन एवं यात्रा प्रबंधन संस्थान (IITTM), ग्वालियर के साथ साझेदारी शामिल है, जिसके प्रथम चरण में भोपाल के 100 पर्यटक वाहन चालकों को सुरक्षित ड्राइविंग, शिष्टाचार और ग्राहक सेवा का RPL प्रशिक्षण देकर प्रमाणित किया जाएगा। ग्रामीण पर्यटन के डिजिटलीकरण के लिए 'ग्राम स्टे' के साथ समझौता किया जा रहा है, जिससे सुदूर ग्रामीण होमस्टे को वैश्विक बुकिंग प्लेटफॉर्म्स से जोड़ा जा सके। साहसिक और जल पर्यटन के विस्तार हेतु 'रॉयल एनफील्ड' के साथ नए बाइक राइडिंग रूट्स के चिन्हांकन, 'एडवेंचर टूर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया' (ATOAI) के साथ सुरक्षा मानकों के निर्धारण तथा पीथमपुर स्थित एशिया के सबसे बड़े ऑटोमोटिव टेस्टिंग ट्रैक 'नैट्रैक्स' (NATRAX) के साथ मोटरस्पोर्ट्स पर्यटन के विकास हेतु एमओयू किए जा रहे हैं।

फिल्म और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में भी बड़े कदम उठाए जा रहे हैं। आर्टमिसिया कॉलेज ऑफ आर्ट एंड डिजाइन (ACAD), इंदौर के साथ विद्यार्थियों के व्यावहारिक प्रशिक्षण व डिजिटल एसेट लाइब्रेरी निर्माण का गैर-वित्तीय समझौता हो रहा है, जबकि प्रसिद्ध डिजिटल मीडिया समूह 'द वायरल फीवर' (TVF) एवं क्रार्क फैमिली ऑफिस के सहयोग से फिल्म पर्यटन, AVGC क्षेत्र में कौशल विकास और 'म्यूजियम ऑफ स्टोरीटेलिंग' की स्थापना की जाएगी। स्मार्ट टूरिज्म के तहत 'एक्सप्लर्जर' (Explurger) के सहयोग से राज्य के 100 प्रमुख पर्यटन स्थलों पर 1,000 एआई-सक्षम क्यूआर कोड बोर्ड्स लगाए जाएंगे। धरोहर संरक्षण के क्षेत्र में स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर (SPA), नई दिल्ली तथा 'द्रोणाह' (DRONAH) के साथ ओरछा के ऐतिहासिक समूह (Historic Ensemble of Orchha) के यूनेस्को नामांकन हेतु एकीकृत प्रबंधन व लैंडस्केप संरक्षण योजना तैयार की जाएगी। साथ ही, टेकनपुर (ग्वालियर) स्थित बीएसएफ अकादमी में पर्यटन अधोसंरचना व बीएसएफ म्यूजियम के आधुनिकीकरण हेतु त्रिपक्षीय अनुबंध संपन्न होगा।

एमपी ट्रैवल मार्ट के पहले दिन 07 अक्टूबर को मुख्यमंत्री डॉ. यादव जी द्वारा आमंत्रित राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय उद्योगपतियों, निवेशकों व कॉरपोरेट प्रतिनिधियों के साथ विशेष 'वन-ऑन-वन' बैठकें की जाएंगी, जिसमें प्रदेश में भावी निवेश की रूपरेखा पर विमर्श होगा। 08 अक्टूबर को मुख्य सचिव  अशोक बर्णवाल जी और भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय के सचिव  भुवनेश कुमार जी द्वारा बी2बी मार्ट और प्रदर्शनी का औपचारिक उद्घाटन किया जाएगा। इसी दिन 'भारत की वन्यजीव राजधानी के रूप में मध्यप्रदेश' विषय पर एक उच्चस्तरीय पैनल चर्चा होगी, जिसमें देश के जाने-माने पर्यावरणविद, वन अधिकारी और वन्यजीव विशेषज्ञ भाग लेंगे। साथ ही, साहसिक पर्यटन और MICE (मीटिंग्स, इंसेंटिव्स, कॉन्फ्रेंसेस एंड एग्जिबिशन) उद्योग पर रणनीतिक राउंडटेबल कार्यशालाएं आयोजित होंगी। 09 अक्टूबर को सतत व्यापारिक बैठकों के साथ-साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले स्टॉल्स और नवाचारों के लिए पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित होगा। 10 अक्टूबर को सुबह 10:30 बजे से दोपहर 01:00 बजे तक प्रदर्शनी को स्कूल, कॉलेज, पर्यटन अध्ययन संस्थानों के विद्यार्थियों और आम नागरिकों के लिए निःशुल्क खोला जाएगा, जिससे जनसामान्य में पर्यटन के प्रति चेतना और गौरव का भाव जागृत हो सके।

वैश्विक पर्यटकों की सुविधा के लिए मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट (www.mptourism.com) का बहुभाषी संस्करण भी लॉन्च किया जा रहा है। अब हिंदी और अंग्रेजी के अलावा जर्मन, स्पैनिश, फ्रेंच और जापानी भाषाओं में भी संपूर्ण जानकारी उपलब्ध होगी। इसके साथ ही, 'टेलमी डिजीइन्फोटेक' के सहयोग से विकसित अत्याधुनिक 'एमपी ट्रैवल हैंडबुक' (डायनेमिक डिजिटल कॉफी टेबल बुक) का लोकार्पण किया जा रहा है, जिसमें 360-डिग्री विहंगम दृश्य, इंटरैक्टिव मैप्स, एआई-आधारित स्टोरीटेलिंग, वर्चुअल रियलिटी लिंक्स और द्विभाषी ऑडियो नरेशन की सुविधा उपलब्ध है। प्रदर्शनी परिसर में आगंतुकों के लिए वीआर तकनीक के माध्यम से प्रदेश के ज्योतिर्लिंगों के लाइव वर्चुअल दर्शन और वन्यजीव सफारी का जीवंत अनुभव कराने वाले विशेष केंद्र भी स्थापित किए गए हैं।

अतिथियों को मध्यप्रदेश के अनूठे खान-पान और संयुक्त राष्ट्र के मिलेट प्रोत्साहन मिशन से जोड़ने के लिए 'माँ की रसोई' का विशेष लाइव काउंटर स्थापित किया गया है। इसमें कोदो-मेथी भात, ज्वार-बाजरे की रोटियां, मट्ठे के आलू, चक्की का साग, निघौना, मालवा-निमाड़ का प्रसिद्ध दाल-बाफला, भुने भाटे का भर्ता और सिलबट्टे की ताजी चटनियों जैसे विशुद्ध पारंपरिक और पौष्टिक व्यंजन परोसे जा रहे हैं।

विदेशी और राष्ट्रीय प्रतिनिधियों को प्रदेश की जमीनी पर्यटन संपदा का साक्षात्कार कराने के लिए आयोजन के उपरांत 16 विशेष फैमिलियराइजेशन टूर्स (FAM Trips) आयोजित किए जा रहे हैं, जिनमें 200 से अधिक विशेषज्ञ शामिल होंगे। ये दल हेरिटेज सर्किट (खजुराहो, ओरछा, मांडू, महेश्वर, ग्वालियर, सांची, भीमबेटका), वाइल्डलाइफ सर्किट (कान्हा, बांधवगढ़, पेंच, पन्ना, सतपुड़ा और कूनो चीता अभयारण्य), आध्यात्मिक सर्किट (उज्जैन महाकाल महालोक, ओंकारेश्वर एकात्म धाम, चित्रकूट, अमरकंटक) तथा साहसिक जल पर्यटन सर्किट (पचमढ़ी, चंदेरी, तवा, गांधी सागर) का सघन दौरा करेंगे। साथ ही, भोपाल में प्रवास के दौरान प्रतिनिधियों को हेरिटेज वॉक, वन विहार बर्ड वॉक, बड़े तालाब पर शिकारा राइड तथा स्वास्थ्य-वर्धक योग सत्रों का विशेष अनुभव कराया जा रहा है।

मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट 2026 केवल एक व्यापारिक समागम नहीं, बल्कि राज्य के आर्थिक उत्थान, पर्यावरण संरक्षण, सांस्कृतिक पुनर्जागरण और स्थानीय समुदायों की समृद्धि का एक समन्वित महाअभियान है, जो आने वाले वर्षों में मध्यप्रदेश को वैश्विक पर्यटन के शीर्ष केंद्र के रूप में स्थापित करेगा।

 कन्या काॅलेज की छात्राओं ने जानी बिजली उत्पादन की प्रक्रिया


  अनूपपुर। उच्च शिक्षा विभाग भोपाल, मध्य प्रदेष शासन के द्वारा संचालित स्वामी विवेकानंद कैरियर मार्गदर्शन योजना, के अंतर्गत महाविद्यालय में अध्ययनरत छात्राओं को औद्यौगिक भ्रमण दिनांक 28/09/2026 को महाविद्यालय से अमरकंटक ताप विद्युत गृह, चचाई जिला-अनूपपुर में महाविद्यालय के छात्राओं को औद्योगिक भ्रमण/विजिटिंग एक्पोजर कराया गया। इस कार्यक्रम के संरक्षक प्रो. अनिल कुमार सक्सेना, प्राचार्य शास. तुलसी (अग्रणी) महाविद्यालय अनूपपुर के मार्गदर्शन, में एवं कन्या महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य श्रीमती विंध्या पुषाम के नेतृत्व में सुबह 10 बजे 46 विद्यार्थियों के दल को औद्योगिक भ्रमण के लिये हरी झंडी दिखा कर वाहन को अमरकंटक ताप विद्युत गृह , चचाई जिला-अनूपपुर के लिये रवाना किया गया।                

       अमरकंटक ताप विद्युत गृह , चचाई सुबह 10.30 बजे छात्राओं का दल अमरकंटक ताप विद्युत गृह , चचाई पहुंचा। इसके बाद ताप विद्युत गृह में प्रवेष करने के उपरांत प्रशासकीय भवन के सेमिनार हाॅल में अमरकंटक ताप विद्युत गृह के सहायक अभियंता (प्रषिक्षण) सुश्री शीना खान जी के द्वारा सभी विद्यार्थियों से परिचय प्राप्त कर कंपनी के द्वारा बनाई जा रही विद्युत एवं विभिन्न प्रकारों के संयंत्रों एवं उपकरणों व विद्युत उत्पादनों की प्रक्रिया के साथ-साथ प्रबंधकीय कार्याे के बारे में प्रोजेक्टर के माध्यम से अवगत कराया गया।        

       इसके बाद कनिष्ट अभियंता  पदम शर्मा जी के द्वारा विद्युत उत्पादन माॅडल यूनिट दिखाकर के विस्तार से छात्रायों का मार्गदर्शन किया और  किस प्रकार से विद्युत का उत्पादन किया जाता हैै। तद्उपरांत सहायक अभियंता (प्रषिक्षण) सुश्री शीना खान और कनिष्ट अभियंता  पदम शर्मा के द्वारा विद्युत उत्पादन प्लांट ले जाया गया और प्रत्येक यूनिट को अलग-अलग सेक्शन से अवगत कर दिखाया गया एवं विभिन्न तकनीकों व उपकरणों, जैसे Ranking Cycle , TPPM Equipments, COAL handling Plant, COAL Pulverize, Turibine, Condenser. Cooling Tower & Ponds, Feed water Heater, Air Preheater, FD Fan, PTP Plant आदि के बारे में विस्तार से समझाया और बताया गया और विद्युत् उत्पादन में सहायक मशीनों को दिखाया गया। इसके बाद विद्यार्थियों को बिजली बनने की प्रक्रिया को दिखाया गया और बताया गया कि ताप विद्युत गृह में विद्युत का उत्पादन किस प्रकार से विभिन्न चरणों से गुजारने के बाद बिजली का उत्पादन होता है।

      भ्रमण में शामिल हुई छात्राओं और दल अधिकारियों/कर्मचारियों ने ताप विद्युत गृह के अधिकारियों से जिज्ञासा से भरे प्रश्नों को पूछा और ताप विद्युत गृह अधिकारियों के द्वारा सभी छात्राओं के प्रश्नों का उत्तर दिया जिससे भ्रमण में शामिल हुई छात्राओं ने संतुष्ट हो कर बहुत खुस हुई।

     अंत में ताप विद्युत गृह के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के द्वारा विद्यार्थियों की उज्जवल भविष्य की कामना की गई तथा महाविद्यालय के स्वामी विवेकानंद कैरियर मार्ग दर्शन योजना प्रकोष्ठ के प्रभारी डाॅ. राकेश सिंह के द्वारा समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया गया तत्पश्चात भ्रमण दल शाम 04 बजे महाविद्यालय पहुंचा। इस स्वरोजगार मुखी औद्योगिक भ्रमण में महाविद्यालय के शिक्षक गण डाॅ श्रद्धा चौरसिया, डाॅ श्रद्धा गर्ग , श्रीमती रेखा साहू दल का मार्गदर्शन  किया गया तथा डाॅ अनिता पाण्डेय , डाॅ राजेश्वरी तिवारी एवं  राघवेन्द्र सिंह के द्वारा इस भ्रमण को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

 *ब्यूटीशियन कोर्स के शुभारंभ पर रोजगार एवं स्वरोजगार पर जोर


तुलसी महाविद्यालय में ब्यूटीशियन कोर्स का शुभारंभ, छात्राओं को रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ने की पहल* 

अनूपपुर। 05 अक्टूबर 2026 पीएम कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस शासकीय तुलसी महाविद्यालय अनूपपुर में प्राचार्य डॉ. अनिल कुमार सक्सेना जी के संरक्षण एवं मार्गदर्शन में स्वामी विवेकानंद कैरियर मार्गदर्शन योजना, उच्च शिक्षा मध्यप्रदेश के अंतर्गत अल्पावधि रोजगारोन्मुखी कार्यक्रम के तहत ब्यूटीशियन कोर्स का शुभारंभ 05 अक्टूबर 2026 को किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ. जे. के. संत द्वारा मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्जवलित कर माल्यार्पण  किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में केवल पारंपरिक शिक्षा पर्याप्त नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों को रोजगारपरक एवं व्यावसायिक कौशल से जोड़ना भी आवश्यक है। ब्यूटीशियन जैसे अल्पावधि पाठ्यक्रम विद्यार्थियों को अपने कौशल का विकास कर स्वरोजगार स्थापित करने तथा आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्रदान करते हैं।

      कार्यक्रम का संचालन करते हुए हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. नीरज श्रीवास्तव ने कहा कि विद्यार्थियों को उनकी रुचि एवं क्षमता के अनुरूप कौशल आधारित प्रशिक्षण प्राप्त करना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास के साथ-साथ उन्हें व्यावहारिक जीवन के लिए भी तैयार करते हैं।

         स्वामी विवेकानंद कैरियर मार्गदर्शन योजना के नोडल अधिकारी प्रो. विनोद कुमार कोल ने ब्यूटीशियन कोर्स की जानकारी देते हुए बताया कि यह 30 दिवस एवं कुल 60 घंटे का निःशुल्क रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण कार्यक्रम है। प्रशिक्षण पूर्ण करने वाले विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण के माध्यम से छात्राएं ब्यूटी एवं वेलनेस क्षेत्र में आवश्यक व्यावहारिक कौशल प्राप्त कर रोजगार के साथ-साथ स्वयं का व्यवसाय प्रारंभ करने की दिशा में आगे बढ़ सकती हैं।

          इस अवसर पर उपस्थित डॉ. ज्ञान प्रकाश पाण्डेय ने कहा कि वर्तमान दौर में कौशल विकास विद्यार्थियों के लिए रोजगार प्राप्त करने का महत्वपूर्ण माध्यम बन गया है। उन्होंने छात्राओं से प्रशिक्षण को गंभीरता से लेते हुए इसमें प्राप्त कौशल का भविष्य में उपयोग करने का आह्वान किया।

     डॉ. शाहबाज खान ने कहा कि रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रम विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को ऐसे प्रशिक्षणों का लाभ उठाकर अपनी कार्यक्षमता एवं व्यावसायिक दक्षता को बढ़ाना चाहिए।

       इतिहास  विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. पूनम धाड़े ने कहा कि ब्यूटीशियन प्रशिक्षण के माध्यम से छात्राएं कम लागत में स्वयं का स्वरोजगार प्रारंभ कर सकती हैं। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को नियमित रूप से प्रशिक्षण प्राप्त करने तथा सीखे गए कौशल का निरंतर अभ्यास करने की सलाह दी।

      भूगोल विभाग की सुश्री पूजा चौधरी ने भी छात्राओं को प्रशिक्षण के प्रति उत्साह एवं लगन बनाए रखने के लिए प्रेरित किया तथा कहा कि कौशल आधारित शिक्षा विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। 

        ब्यूटीशियन कोर्स की प्रशिक्षक श्रीमती राजकुमारी ने छात्राओं को प्रशिक्षण से संबंधित जानकारी प्रदान करते हुए बताया कि प्रशिक्षण के दौरान ब्यूटी एवं पर्सनल केयर से जुड़े विभिन्न व्यावहारिक कौशल सिखाए जाएंगे। उन्होंने छात्राओं से नियमित रूप से प्रशिक्षण में उपस्थित रहकर प्रत्येक गतिविधि को व्यावहारिक रूप से सीखने का आग्रह किया।

     कार्यक्रम के अंत में समाजशास्त्र विभाग की डॉ. तरन्नुम सरवत ने अतिथियों, शिक्षकों, प्रशिक्षक एवं उपस्थित विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने विद्यार्थियों को ब्यूटीशियन कोर्स के सफलतापूर्वक पूर्ण करने के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह प्रशिक्षण छात्राओं के लिए रोजगार, स्वरोजगार एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण अवसर है। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण  एवं प्रशिक्षणार्थी छात्राएं उपस्थित रहीं। महाविद्यालय में प्रारंभ किए गए इस रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण कार्यक्रम को विद्यार्थियों के कौशल विकास एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।





 *मैहर ने रचा इतिहास…!*

 *3,430 छात्र-छात्राएं… एक साथ 11 मिनट का कथक!*

 *एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज हुआ मैहर का नाम*

*जिला प्रशासन एवं भारत विकास परिषद का संयुक्त प्रयास सफल*

 *खबर 30 LIVE डिजिटल*

मैहर। मैहर के फुटबॉल मैदान में आज वो नजारा देखने को मिला, जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। 3,430 छात्र-छात्राओं ने एक साथ 11 मिनट तक सामूहिक कथक नृत्य की शानदार प्रस्तुति देकर मैहर का नाम एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज करा दिया।

हजारों कदम… एक ताल… एक लय… और एक साथ थिरकता पूरा मैदान!

कथक की इस भव्य प्रस्तुति ने मैहर की कला, संस्कृति और प्रतिभा को देश-दुनिया के सामने नई पहचान दी।

 *रिकॉर्ड बना तो सम्मान भी मिला*

ऐतिहासिक प्रस्तुति के बाद एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स की टीम ने प्रमाण पत्र प्रदान कर इस उपलब्धि को आधिकारिक सम्मान दिया।

इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बने प्रभारी मंत्री राधा सिंह, विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी, कलेक्टर विदिशा मुखर्जी और पुलिस अधीक्षक अवधेश प्रताप सिंह सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी, शिक्षक-शिक्षिकाएं और हजारों नागरिक।

 *पर्दे के पीछे भी चला बड़ा अभियान*

इस विशाल आयोजन को जिला प्रशासन एवं स्थानीय संस्था भारत विकास परिषद के संयुक्त प्रयासों से सफल बनाया गया।

आयोजन को आकार देने में जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, अपर कलेक्टर, SDM आदि के साथ भारत विकास परिषद के संस्थापक अध्यक्ष, मैहर में संस्था को लाने वाले एवं संरक्षक बी.एल. अग्रवाल के साथ ही संरक्षक आर.के. अग्रवाल, रमेश पसारी और कोमल चंद जैन निर्देशक की भूमिका में नजर आए।

वहीं परिषद के अध्यक्ष संजय गुप्ता एवं सचिव इंद्रजीत मैनी ने भी आयोजन की तैयारियों और व्यवस्थाओं में सक्रिय भूमिका निभाई।

 *गांधी जयंती पर तुलसी महाविद्यालय में स्वच्छता, श्रमदान एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन


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अनूपपुर। महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस, शासकीय तुलसी महाविद्यालय, अनूपपुर में सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत विभिन्न रचनात्मक एवं सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण, महाविद्यालय परिसर की स्वच्छता तथा वृक्षारोपण किया गया। साथ ही तिपान नदी के आसपास स्वच्छता कार्यक्रम आयोजित कर तिपान के तट को भी साफ किया गया।

कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. अनिल कुमार सक्सेना के मार्गदर्शन में किया गया। राष्ट्रीय सेवा योजना के जिला संगठक डॉ. ज्ञान प्रकाश पाण्डेय एवं कार्यक्रम अधिकारी महिला इकाई प्रो. पूनम धांडे के नेतृत्व में एनएसएस स्वयंसेवकों ने कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता की।

कार्यक्रम के प्रारंभ में महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उनके सत्य, अहिंसा, स्वच्छता एवं सेवा के आदर्शों को स्मरण किया गया। इसके पश्चात एनएसएस स्वयंसेवकों ने महाविद्यालय परिसर में स्वच्छता अभियान चलाते हुए परिसर की साफ-सफाई की। स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक श्रमदान करते हुए स्वच्छ एवं स्वस्थ परिसर के निर्माण का संदेश दिया।

इस अवसर पर महाविद्यालय परिसर में वृक्षारोपण भी किया गया। पौधों के संरक्षण एवं पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी का संकल्प लेते हुए स्वयंसेवकों ने अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल करने का संदेश दिया।

कार्यक्रम में एनएसएस स्वयंसेवकों ने भागीदारी करते हुए स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता प्रदर्शित की। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को महात्मा गांधी के जीवन-मूल्यों को अपने व्यवहार एवं दैनिक जीवन में अपनाने तथा समाज के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करने के लिए प्रेरित किया गया।

 अनूपपुर के माटी के लाल  बने NHPC के कार्यपालक निदेशक, जैतहरी क्षेत्र में हर्ष की लहर


​जैतहरी/अनूपपुर।

मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले अंतर्गत जैतहरी के मूल निवासी  एस. पी. राठौर पिता सीताराम राठौर जी, ने राष्ट्रीय स्तर पर क्षेत्र का मान बढ़ाया है। देश की अग्रणी जलविद्युत कंपनी एवं प्रमुख सार्वजनिक उपक्रम, एनएचपीसी लिमिटेड (NHPC Limited) में उन्हें कार्यपालक निदेशक (Executive Director) के शीर्ष पद पर पदोन्नत किया गया है। उनकी यह नियुक्ति 1 अक्टूबर 2026 से प्रभावी हुई है।

​ राठौर जी की इस ऐतिहासिक उपलब्धि से उनके गृह नगर जैतहरी सहित पूरे अनूपपुर जिले में गौरव और उल्लास का माहौल है। जैतहरी की माटी से निकलकर देश के प्रतिष्ठित उपक्रम के शीर्ष प्रबंधन तक पहुँचना उनकी असाधारण प्रतिभा, वर्षों के अथक परिश्रम और कर्तव्यनिष्ठा का प्रमाण है।

​इस अवसर पर क्षेत्रवासियों, परिजनों, मित्रों और शुभचिंतकों ने इसे संपूर्ण अंचल के लिए गौरव का क्षण बताते हुए उन्हें हार्दिक बधाई दी है। शुभचिंतकों ने कहा कि राठौर जी की यह सफलता युवा पीढ़ी के लिए एक बड़ी प्रेरणा है। उनके उज्ज्वल भविष्य, उत्तम स्वास्थ्य और सफल नेतृत्व की मंगलकामनाएं की गईं। Director) के महत्वपूर्ण पद पर पदोन्नति मिली है। उनकी यह पदोन्नति 1 अक्टूबर 2026 से प्रभावी हुई है।

जैतहरी की माटी से निकलकर देश के प्रतिष्ठित सार्वजनिक उपक्रम के शीर्ष प्रबंधन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी तक पहुंचना क्षेत्र के लिए गौरव की बात है।  राठौर जी की यह उपलब्धि उनके लंबे अनुभव, कार्य के प्रति समर्पण, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता एवं निरंतर परिश्रम का परिणाम मानी जा रही है।

उनकी इस महत्वपूर्ण उपलब्धि की खबर मिलते ही जैतहरी सहित पूरे अनूपपुर जिले में हर्ष और गौरव का वातावरण निर्मित हो गया। क्षेत्रवासियों, परिजनों, मित्रों, सहकर्मियों एवं शुभचिंतकों ने  राठौर जी को बधाई देते हुए कहा कि यह केवल उनके परिवार की उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे अनूपपुर अंचल के लिए गर्व का विषय है।

शुभचिंतकों ने कहा कि सीमित संसाधनों और छोटे नगर से निकलकर राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित संस्थान में उच्च पद प्राप्त करना अपने आप में प्रेरणादाई उपलब्धि है।  राठौर जी की सफलता यह संदेश देती है कि प्रतिभा, परिश्रम, ईमानदारी और निरंतर प्रयास के बल पर व्यक्ति किसी भी ऊंचाई को प्राप्त कर सकता है।

 राठौर के कार्यपालक निदेशक पद पर पदोन्नत होने पर क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों, सामाजिक संगठनों, मित्रों एवं शुभचिंतकों ने उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। सभी ने उनके सफल कार्यकाल, उत्तम स्वास्थ्य और नई जिम्मेदारी में उत्कृष्ट नेतृत्व की मंगलकामना की है।

जैतहरी की धरती के इस सपूत की उपलब्धि ने एक बार फिर यह साबित किया है कि छोटे शहर और अंचल से निकलने वाली प्रतिभाएं भी राष्ट्रीय स्तर पर अपनी विशिष्ट पहचान कायम कर सकती हैं।


 *गांधी जयंती पर डीएवी पब्लिक स्कूल एमबी पावर जैतहरी में 'रन फॉर डीएवी' मिनी-मैराथन का भव्य आयोजन: स्वास्थ्य, एकता और सेवा का दिया संदेश*

जैतहरी। महात्मा गांधी जयंती के पावन अवसर पर डीएवी कॉलेज प्रबंधन समिति (DAVCMC), नई दिल्ली के तत्वावधान में डीएवी पब्लिक स्कूल एमबी पावर जैतहरी परिसर द्वारा 'रन फॉर डीएवी' (Run for DAV) राष्ट्रव्यापी मिनी-मैराथन का गरिमामय एवं भव्य आयोजन किया गया। इस खेल और फिटनेस महाकुंभ का मुख्य उद्देश्य बापू के स्वस्थ जीवन, शांति, सामाजिक सद्भाव और राष्ट्र सेवा के संदेश को विद्यार्थियों तथा जन-समुदाय की सक्रिय भागीदारी से जोड़ना रहा।

​कार्यक्रम के भव्य उद्घाटन समारोह में मोजर बेयर पावर मध्य प्रदेश लिमिटेड (MBPMPL) जैतहरी के वरिष्ठ अधिकारी बतौर मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे। मंच पर मोजर बेयर प्लांट हेड (फेज-II)  राजीव अग्रवाल, एवीपी (एडमिन एवं एचआर)  आर. के. खटाना, प्रबंधक  आतिश उपाध्याय तथा प्रबंधक  गौरव पाठक की गरिमामई उपस्थिति रही।

​इस अवसर पर मुख्य अतिथि  राजीव अग्रवाल (प्लांट हेड, MBPMPL) ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा, "गांधी जयंती केवल स्मरण का दिन नहीं, बल्कि उनके आदर्शों को दिनचर्या में उतारने का संकल्प है। खेल और दौड़ न केवल शारीरिक फिटनेस बढ़ाते हैं, बल्कि जीवन में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और कभी न हार मानने का जज्बा सिखाते हैं। डीएवी पब्लिक स्कूल एमबी पावर जैतहरी द्वारा आयोजित यह मैराथन समाज को एकजुट और ऊर्जावान बनाने की दिशा में एक अनुकरणीय पहल है।"

​विशिष्ट अतिथि  आर. के. खटाना (एवीपी, एडमिन एवं एचआर) ने अपने विचार साझा करते हुए कहा, "1886 में लाहौर से प्रारंभ हुए डीएवी आंदोलन ने हमेशा शिक्षा के साथ संस्कारों और राष्ट्र निर्माण को प्राथमिकता दी है। आज के डिजिटल युग में युवाओं को स्क्रीन से बाहर निकलकर मैदान में पसीना बहाना बेहद जरूरी है। विद्यार्थियों और शिक्षकों को एक साथ दौड़ते देखना यह दर्शाता है कि एक स्वस्थ टीम ही एक सशक्त राष्ट्र का निर्माण कर सकती है।"

​डीएवी पब्लिक स्कूल एमबी पावर जैतहरी के प्राचार्य  संजीव कुमार श्रीवास्तव ने अतिथियों का स्वागत करते हुए सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। अपने संबोधन में प्राचार्य  श्रीवास्तव ने कहा, "स्वामी दयानंद सरस्वती जी के संस्कार और पूज्य बापू के सत्य, अहिंसा तथा स्वच्छता व स्वास्थ्य के सिद्धांत ही डीएवी की आत्मा हैं। 'रन फॉर डीएवी' के माध्यम से हमारा प्रयास विद्यार्थियों को शारीरिक, मानसिक और नैतिक रूप से सुदृढ़ बनाना है। खेल हमें एकता और भाईचारे का पाठ पढ़ाते हैं।"

​इस मिनी-मैराथन को विभिन्न आयु वर्गों के अनुसार दो प्रमुख श्रेणियों में आयोजित किया गया।

​5 किलोमीटर दौड़ विद्यार्थियों के लिए फिटनेस और उत्साह का संगम।

​2 किलोमीटर 'रन फॉर फन': शिक्षकों, प्राचार्यों और कर्मचारियों के लिए, जिसमें सभी ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

​मैराथन के समापन पर विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विजेताओं को डीएवी स्पोर्ट्स (DAV Sports) की ओर से आकर्षक ट्रॉफियां प्रदान की गईं तथा सभी प्रतिभागियों को सहभागिता प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय प्रबंधन ने उपस्थित अतिथियों, शिक्षकों, अभिभावकों और विद्यार्थियों का सफल आयोजन के लिए आभार व्यक्त किया।

 *गौरव, सम्मान 2026 एवं ऐतिहासिक उपलब्धि की हार्दिक शुभकामनाएं


मैहर । 05 अक्टूबर 2026 को मैहर शाखा के इस भव्य गौरवशाली एवं ऐतिहासिक आयोजन पर भारत विकास परिषद्, विंध्य प्रांत के लिए यह अत्यंत गौरव और हर्ष का विषय है कि 2500 बाल कलाकारों के साथ एवं  प्रशासनिक स्तर के साथ आयोजित होने जा रहा “कथक नृत्य महायज्ञ 2026” एशिया वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।

मैहर शाखा ने इससे पूर्व भी भारत विकास परिषद् को एक गौरवपूर्ण रिकॉर्ड प्रदान किया है। शाखा के पुनः सक्रिय एवं पुनर्जीवित होने के साथ ही एक बार फिर इतने विराट आयोजन के माध्यम से नया इतिहास रचने का संकल्प निश्चित रूप से मैहर शाखा की ऊर्जा, समर्पण, संगठन क्षमता और सांस्कृतिक चेतना का परिचायक है।

आदरणीय संजय जी के अध्यक्षीय नेतृत्व में आयोजित होने जा रहा यह भव्य कार्यक्रम भारतीय संस्कृति, कला और हमारी समृद्ध नृत्य परंपरा को नई पीढ़ी से जोड़ने का एक अद्भुत प्रयास है। इस ऐतिहासिक आयोजन की सफलता में भारत विकास परिषद् मैहर शाखा के प्रत्येक सदस्य की मेहनत, सहभागिता और समर्पण की महत्वपूर्ण भूमिका है।


 *सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत नशा मुक्ति पर नुक्कड़ नाटक से जन जागरूकता


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अनूपपुर। 28 सितंबर 2026 को सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत पीएम कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस शासकीय तुलसी महाविद्यालय, अनूपपुर के प्राचार्य प्रो. अनिल कुमार सक्सेना के संरक्षण एवं मार्गदर्शन में राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई द्वारा नशा मुक्ति एवं जन जागरूकता अभियान चलाया गया। राष्ट्रीय सेवा योजना के जिला संगठक डॉ. ज्ञान प्रकाश पाण्डेय के नेतृत्व में महाविद्यालय के राष्ट्रीय सेवा योजना के विद्यार्थियों ने इंदिरा तिराहा, अनूपपुर में नुक्कड़ नाटक का प्रभावी मंचन कर आमजन को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया।

  कार्यक्रम में सहायक प्राध्यापक प्रो. विनोद कुमार कोल, डॉ. तरन्नुम सरवत एवं डॉ. संजीव द्विवेदी के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने नशे के कारण व्यक्ति, परिवार एवं समाज पर पड़ने वाले गंभीर दुष्प्रभावों को नाट्य प्रस्तुति के माध्यम से जीवंत रूप में प्रस्तुत किया। नुक्कड़ नाटक में नशे के कारण स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभाव, पारिवारिक कलह, आर्थिक नुकसान, सामाजिक अपराध तथा युवा पीढ़ी के भविष्य पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों को प्रभावशाली ढंग से दर्शाया गया।

     नुक्कड़ नाटक के माध्यम से विद्यार्थियों ने आम नागरिकों से नशे से दूर रहने, युवाओं को नशे की गिरफ्त में आने से बचाने तथा नशामुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने “नशा छोड़ो, जीवन जोड़ो”, “नशामुक्त समाज—हमारी जिम्मेदारी” जैसे संदेशों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया।

इंदिरा तिराहे पर आयोजित इस जन-जागरूकता कार्यक्रम को देखने के लिए बड़ी संख्या में नागरिक एकत्रित हुए। विद्यार्थियों की प्रभावशाली प्रस्तुति ने उपस्थित लोगों को नशे के गंभीर परिणामों के प्रति सोचने के लिए प्रेरित किया।

        राष्ट्रीय सेवा योजना के जिला संगठक डॉ. ज्ञान प्रकाश पाण्डेय ने कहा कि युवाओं में नशे की बढ़ती प्रवृत्ति समाज के लिए गंभीर चुनौती है। ऐसे ही जन-जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से युवाओं और आमजन को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराते हुए स्वस्थ एवं नशामुक्त समाज के निर्माण की दिशा में सकारात्मक प्रयास किए जा सकते हैं। कार्यक्रम में राष्ट्रीय सेवा योजना के विद्यार्थियों सहित महाविद्यालय परिवार के सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही।

 सुपोषित मातृत्व–स्वस्थ परिवार : पोषण एवं मातृ स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित




स्वस्थ महिला से ही स्वस्थ परिवार और सशक्त समाज का निर्माण संभव : श्रीमती पार्वती राठौर

अनूपपुर । 25 सितंबर 2026 मुख्यमंत्री सेवा संकल्प अभियान 2026 के अंतर्गत “सुपोषित मातृत्व–स्वस्थ परिवार : पोषण एवं मातृ स्वास्थ्य जागरूकता अभियान” का आयोजन शासकीय तुलसी महाविद्यालय, अनूपपुर के महिला प्रकोष्ठ द्वारा किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों, विशेषकर छात्राओं में मातृत्व स्वास्थ्य, संतुलित आहार, पोषण, एनीमिया की रोकथाम एवं स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूकता विकसित करना रहा।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि श्रीमती पार्वती राठौर, जिला अध्यक्ष भाजपा एवं उपाध्यक्ष जिला पंचायत ने कहा कि मातृत्व स्वास्थ्य एवं पोषण जागरूकता पर आयोजित यह कार्यक्रम छात्राओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि एक स्वस्थ महिला से ही स्वस्थ परिवार और स्वस्थ समाज का निर्माण होता है, इसलिए महिलाओं एवं बालिकाओं में स्वास्थ्य और पोषण के प्रति जागरूकता आवश्यक है।

कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि डॉ. आर. पी. सोनी ने मातृ मृत्यु दर एवं शिशु मृत्यु दर के संदर्भ में मध्य प्रदेश की स्थिति की जानकारी देते हुए महिला स्वास्थ्य, मातृत्व स्वास्थ्य एवं पोषण जागरूकता के विभिन्न पहलुओं पर विद्यार्थियों को महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। उन्होंने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने तथा समय पर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ लेने पर जोर दिया।

पोषण आहार विशेषज्ञ डॉ. अंजली सिंह ने छात्राओं को संतुलित आहार की आवश्यकता एवं महत्व समझाते हुए स्थानीय स्तर पर उपलब्ध खाद्य पदार्थों तथा घर के सादे एवं पौष्टिक भोजन को दैनिक आहार में शामिल करने की उपयोगिता बताई। उन्होंने विविध एवं संतुलित आहार को स्वस्थ जीवन का आधार बताया।

नर्सिंग अधिकारी डॉ. प्रभा राठौर ने वर्तमान समय में बालिकाओं एवं महिलाओं में बढ़ रही PCOS एवं PCOD जैसी स्वास्थ्य समस्याओं के प्रति जागरूक करते हुए संतुलित आहार के साथ नियमित फिजिकल एक्टिविटी, योग एवं व्यायाम को दिनचर्या में शामिल करने का सुझाव दिया। उन्होंने शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक स्वास्थ्य पर भी ध्यान देने की आवश्यकता बताई।

कार्यक्रम में उपस्थित महिला चिकित्सक डॉ. अंजली सिंह ने महिला स्वास्थ्य एवं पोषण के साथ विद्यार्थियों को नशे की लत एवं उसके दुष्प्रभावों के संबंध में भी जागरूक किया तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया।

महाविद्यालय के संरक्षक एवं प्राचार्य डॉ. अनिल कुमार सक्सेना ने अध्यक्षीय उद्बोधन में कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों एवं विशेषज्ञों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय विद्यार्थियों के शैक्षणिक विकास के साथ उनके स्वास्थ्य एवं व्यक्तित्व विकास के लिए भी निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने विशेषज्ञों से भविष्य में भी महाविद्यालय के विद्यार्थियों को स्वास्थ्य संबंधी मार्गदर्शन एवं आवश्यक सहायता प्रदान करने का आग्रह किया।

पोस्टर प्रतियोगिता में विद्यार्थियों की सहभागिता

कार्यक्रम के अंतर्गत “सुपोषित माँ–स्वस्थ शिशु–सशक्त समाज” विषय पर पोस्टर प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें कला एवं विज्ञान संकाय के 16 विद्यार्थियों ने सहभागिता की। विद्यार्थियों ने पोस्टरों के माध्यम से संतुलित आहार, मातृ स्वास्थ्य, पोषण, स्वस्थ जीवनशैली एवं स्वस्थ परिवार से संबंधित संदेशों को रचनात्मक रूप से प्रस्तुत किया। पोस्टर प्रतियोगिता में प्रथम स्थान संस्कार सोनी (बीएससी तृतीय वर्ष), द्वितीय स्थान  पूनम सिंह गोंड (बीएससी तृतीय वर्ष ) तथा तृतीय स्थान  (विद्या पांडे (बीएससी द्वितीय वर्ष) ने अर्जित किया इसके साथ ही पोषण की टोकरी विशेष गतिविधि के अंतर्गत एमएससी प्रथम वर्ष प्राणी शास्त्र की दो छात्राओं ज्योति तिवारी एवं दिव्या तिवारी ने पोस्टर के माध्यम से विशेष प्रस्तुति की।

कार्यक्रम में महिला प्रकोष्ठ की समस्त पदाधिकारी श्रीमती प्रीति वैश्य ,डॉ. आकांक्षा राठौर , सुश्री पूनम धाण्डे, डॉ. सुधा साहू, डॉ. मीना सिंह,    प्रो .विनोद कुमार कोल  एवं डॉ. तरन्नुम सरवत , डॉ शोभा तिवारी, डॉ. सरिता परिहार, डॉ शैली अग्रवाल  सहित लगभग 60 विद्यार्थियों ने सक्रिय सहभागिता की। संवादात्मक व्याख्यान, पोस्टर प्रतियोगिता एवं विशेषज्ञों के मार्गदर्शन के माध्यम से विद्यार्थियों को पोषण एवं मातृ स्वास्थ्य से संबंधित उपयोगी एवं व्यवहारिक जानकारी प्राप्त हुई। कार्यक्रम का संचालन डॉ नीरज कुमार श्रीवास्तव द्वारा किया गया।

कार्यक्रम का समापन डॉ. आकांक्षा राठौर द्वारा अतिथियों, विशेषज्ञों, महिला प्रकोष्ठ के सदस्यों, शैक्षणिक स्टाफ एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए किया गया।

— महिला प्रकोष्ठ 

शासकीय तुलसी महाविद्यालय, अनूपपुर (म.प्र.)

 पीआर टी महाविद्यालय अनूपपुर में उत्साहपूर्वक मनाया गया राष्ट्रीय सेवा योजना स्थापना दिवस



अनूपपुर। 24 सितंबर 2026 पीआर टी महाविद्यालय अनूपपुर में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के स्थापना दिवस के अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन उत्साहपूर्वक किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं एवं प्राध्यापकों ने सहभागिता की।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को राष्ट्रीय सेवा योजना के उद्देश्य, समाज सेवा में युवाओं की भूमिका तथा राष्ट्र निर्माण में स्वयंसेवकों के योगदान के बारे में जानकारी दी गई। वक्ताओ ने बताया कि NSS विद्यार्थियों में सेवा, अनुशासन, नेतृत्व, सामाजिक उत्तरदायित्व एवं राष्ट्रप्रेम की भावना विकसित करने का एक सशक्त माध्यम है।

इस अवसर पर विद्यार्थियों को समाज एवं राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों को समझते हुए शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय सहभागिता के लिए प्रेरित किया गया। स्वयंसेवकों ने भी समाज हित एवं जनसेवा से जुड़े कार्यों में निरंतर योगदान देने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापक गण, राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। महाविद्यालय प्रबन्धन ने सभी को राष्ट्रीय सेवा योजना स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए सेवा भावना के साथ समाज एवं राष्ट्र के विकास में योगदान देने का संदेश दिया।

 *राष्ट्रीय सेवा योजना का 57वाँ स्थापना दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया


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अनूपपुर। 24 सितंबर 2026 प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस, शासकीय तुलसी महाविद्यालय, अनूपपुर में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) का 57वाँ स्थापना दिवस उत्साह एवं गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. अनिल कुमार सक्सेना के मार्गदर्शन में किया गया। कार्यक्रम में प्राचार्य प्रो. अनिल कुमार सक्सेना मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

मुख्य अतिथि प्रो. अनिल कुमार सक्सेना ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना विद्यार्थियों में सेवा, अनुशासन, नेतृत्व और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने विभिन्न उदाहरणों के माध्यम से विद्यार्थियों को समाज हित में सक्रिय भूमिका निभाने तथा राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम की विशिष्ट वक्ता डॉ. राधा सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि NSS केवल एक गतिविधि नहीं, बल्कि समाज के प्रति संवेदनशील और जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने स्वयंसेवकों का उत्साहवर्धन करते हुए नियमित रूप से सामाजिक सेवा गतिविधियों में भाग लेने का आह्वान किया।

महाविद्यालय के प्राध्यापक प्रो. विनोद कुमार कौल ने अपने संबोधन में कहा कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में सेवा भावना की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने NSS स्वयंसेवकों द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें निरंतर सक्रिय रहने के लिए प्रेरित किया।

डॉ. तरन्नुम सरवत ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि समाज की वास्तविक समस्याओं को समझकर उनके समाधान में योगदान देना ही सच्ची सामाजिक जिम्मेदारी है। उन्होंने विद्यार्थियों से सकारात्मक सोच, सहयोग और मानवीय संवेदनाओं को अपने व्यवहार का हिस्सा बनाने का आग्रह किया।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों द्वारा पोस्टर, रंगोली एवं नृत्य की आकर्षक प्रस्तुतियाँ दी गईं, जिन्हें उपस्थित अतिथियों एवं विद्यार्थियों ने सराहा। कार्यक्रम के अवसर पर प्राचार्य प्रो. अनिल कुमार सक्सेना द्वारा वृक्षारोपण भी किया गया तथा पर्यावरण संरक्षण एवं हरित परिसर का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रीय सेवा योजना के जिला संगठक डॉ. ज्ञान प्रकाश पाण्डेय एवं कार्यक्रम अधिकारी सुश्री पूनम धांडे के द्वारा किया गया। इस अवसर पर NSS के वरिष्ठ स्वयंसेवक सत्यम केसरवानी, राहुल साहू, हेमंत, सतीश सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी एवं स्वयंसेवक उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का संचालन डॉ. ज्ञान प्रकाश पाण्डेय ने किया। अंत में सुश्री पूनम धांडे ने अतिथियों, प्राध्यापकों, स्वयंसेवकों एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम उत्साहपूर्ण एवं गरिमामय वातावरण में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

 हिन्दी पखवाड़े़ के अवसर पर शासकीय तुलसी महाविद्यालय अनूपपुर में व्याख्यान सम्पन्न



अनूपपुर । हिन्दी पखवाड़े़ एवं सेवा संकल्प अभियान के अन्तर्गत चल रहे विविध कार्यक्रमों की श्रृंखला में प्रधानमंत्री काॅलेज आंफ एक्सीलेन्स, शासकीय तुलसी महाविद्यालय में प्राचार्य डाॅ. अनिल कुमार सक्सेना के मार्गदर्शन पर हिन्दी भाषा और वित्तीय साक्षरता पर केन्द्रित विषय पर व्याख्यान का आयोजन डा. नीरज श्रीवास्तव, विभागाध्यक्ष हिन्दी के संयोजन में सम्पन्न हुआ । कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे रिजर्व बैंक आफ इंडिया के एल-डी-ओ-  रामपूर्वल जी तथा विशिष्ट अतिथि  दिलीप निगम जी। एल-डी-एम- सेन्ट्रल बैंक अनूपपुर  कार्यक्रम का शुभारंभ वीणा पाणि जी की पूजन, अर्चन और उनके सम्मुख दीप प्रज्ज्वलन और वंदना से हुआ ।

वैश्विक जगत में हिन्दी के बढ़़ते हुए प्रभाव और उसकी वैज्ञानिकता पर अपना वक्तव्य प्रस्तुत करते हुए डा. नीरज श्रीवास्तव ने कहा कि आज हमारी हिन्दी अपने सरल सहज और सजीव सम्प्रेषणीयता तथा भाषिक प्रवाहमयता से तकनीकी युग में कृत्रिम बौद्धिकता के साथ अपनी सार्थकता प्रमाणिक कर रही है । रिजर्व बैंक आंफ इंडिया के एल-डी-ओ-  राम पूर्वल जी ने बैंकिंग काम काज में हिन्दी के बढ रहे उपयोग और वित्तीय साक्षरता की अवधारणा पर छात्रों से संवाद स्थापित कर अत्यंत रोचक पूर्ण अपना उद्बोधन दिया।  गोपाल निगम जी एल-डी-एम- सेन्द्रल बैंक अनूपपुर ने छात्र-छात्राओं से साईबर अपराध और उससे बचने के उपाय बतलाते हुए प्रशिक्षण के साथ ही कई आवश्यक जानकारी भी छात्रों से साझा किया ।

श्रीमती शिवानी सिंह मेंटल, जन अभियान परिषद अनूपपुर ने छात्रों को छोटी-छोटी बचत से अपने बचत खातों के संवर्धन की बात कही तथा जीवन में बचत के महत्व को प्रतिपादित किया।

डा.आकांक्षा राठौर नोडल अधिकारी सेवा संकल्प अभियान ने धन्यवाद ज्ञापित कर अतिथियों का आभार प्रदर्शन किया । इस अवसर पर डा. तरन्नुम शरबत की भूमिका महत्वपूर्ण रही तथा

डा. प्रीति वैश्य ,डा. सरला सिंह, डा. शोभा तिवारी सहित काफी संख्या में छात्र -छात्राओं की उपस्थिति से कार्यक्रम अत्यंत सफल एवं रोचक रहा । 

 आत्मशुद्धि के महापर्व पर्युषण बिजुरी में भव्यता से हो रहे







बिजुरी । श्री पर्वराज पर्यूषण दशलक्षण पर्व श्रद्धा एवं भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। दस दिवसीय इस पर्व के दौरान प्रतिदिन भगवान की विशेष पूजा-अर्चना, शांतिधारा एवं विभिन्न धार्मिक विधान संपन्न किए जा रहे हैं। जैन समाज के पुरुष, महिलाएं एवं श्रद्धालु धार्मिक अनुष्ठानों में सहभागिता कर रहे हैं।

दिगंबर जैन परंपरा के इस महत्वपूर्ण पर्व का शुभारंभ 16 सितंबर भादो सुदी  पंचमी से हुआ है। पर्व के दौरान उत्तम क्षमा, मार्दव, आर्जव, सत्य, शौच, संयम, तप, त्याग, आकिंचन्य और ब्रह्मचर्य जैसे दसधर्म की आराधना की जा रही है। दशलक्षण पर्व आत्मचिंतन, आत्मशुद्धि एवं संयम की साधना का अवसर है, जो श्रद्धालुओं को अहिंसा, क्षमा, त्याग और सदाचार को जीवन में अपनाने की प्रेरणा देता है। कर्मों की निर्जरा हो आत्मशुद्धि या आत्मा की विशुद्धि मन से कषायों को दूर कर प्राणियों पर दया एवं समता के भाव हो।

दिगंबर जैन समाज के अध्यक्ष मुकेश जैन ने बताया कि यह पर्व आत्मशुद्धि का महापर्व है जिस प्रकार से जैन धर्म का मूल मंत्र अहिंसा परमोधर्म है उसी को आत्मसात आत्म अवलोकन का यह पर्व धर्म के दश लक्षणों के माध्यम से हम अपने जीवन को सार्थक बनाने का यत्न करते हैं,क्रोध, मान,माया,लोभ जैसी कषाय से मुक्ति ही मनुष्य जीवन को बेहतर बना सकती है।

 कार्यक्रम में धार्मिक अनुष्ठानों, शोभायात्रा एवं महाआरती सहित विविध आयोजन प्रतिदिन प्रवचन आरती, सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं ।

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, प्रातः 8 बजे अभिषेक, शांतिधारा होती है।

*क्षमा और मैत्री का संदेश देगा महोत्सव*

जैन धर्म में क्षमावाणी पर्व का विशेष आध्यात्मिक महत्व है। यह पर्व परस्पर क्षमा, मैत्री, सद्भाव एवं आत्मशुद्धि की भावना को सुदृढ़ करता है। क्षमावाणी के अवसर पर श्रद्धालु जाने-अनजाने में हुई भूलों के लिए एक-दूसरे से क्षमा याचना करते हैं तथा मन में किसी के प्रति बैरभाव न रखने का संकल्प लेते हैं। अनंत चतुर्दशी को भगवान की शोभायात्रा नगर भ्रमण के साथ पर्यूषण पर्व क्षमावाणी मनाकर संपन्न होंगे बिजुरी जैन समाज के  संतोष जैन,नरेश जैन,सौरभ, जैन, वैभव जैन, विनय कुमार, संजय कुमार, सचिन कुमार,शैलेश जैन, आर्जव जैन,अस्तित्व जैन,साथ महिलाओं द्वारा भी भक्ति पूर्वक पूजन विधान किया जाता है, जिनमें श्रीमती,आशा, सुधा,कुसुम,सारिका जैन,डाली, ज्योति, आकांक्षा, अनामिका,संध्या,सुरभि, अंशिका आदि सम्मिलित हुए।

 राधावल्लभ शारदा, पत्रकार एवं सदस्य मध्यप्रदेश श्रम सलाहकार परिषद को लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया।


वरिष्ठ पत्रकारों को लाइफ टाइम अचीवमेंट सम्मान

पत्रकारिता की मौजूदा स्थितियों पर हुआ संवाद

भोपाल । पत्रकारिता के सामने आज के माहौल में जो चुनौतियां घुली हुई हैं,उनसे निपटने के लिए मैदानी पत्रकारों,संस्थानों को ज्यादा साहस जुटाना होगा तथा सामाजिक-राजनीतिक व प्रशासनिक क्षेत्र को अपना नजरिया बदलना होगा। इसी आधार पर पत्रकारिता की आने वाली पीढियां बेहतर संस्कार और विचार पा सकेंगी।

सेंट्रल इंडिया प्रेस क्लब के राष्ट्रीय मीडिया संवाद में पत्रकारिता और राजनीति से जुड़ी हस्तियों ने जो कुछ कहा,उसका यही सार रहा। यह आयोजन भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे सभागार ‘मिंटो हाल’ में हुआ। इस दौरान पत्रकारिता में चालीस से पचास वर्ष गुजार चुके पत्रकारों को लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड से नवाजा गया, खास बात यह रही कि इस कार्यक्रम में जनसंपर्क विभाग में आयुक्त रहे आईएएस अफसरों का भी सम्मान किया गया। कार्यक्रम-संवाद में मप्र समेत राजस्थान,उप्र,दिल्ली के पत्रकार मौजूद रहे। मीडिया संवाद में वरिष्ठ पत्रकार महेश श्रीवास्तव ने कहा कि सत्ता डराने की कोशिश करती है लेकिन तमाम आशंकाओं के बावजूद यदि पत्रकारिता को पूरी निष्ठा से किया जाए तो राजनेताओं समेत हर वर्ग का आदर मिलता है। विजयदत्त श्रीधर ने कहा कि पत्रकारिता ने मप्र में और देशभर में अपने तरीकों से समय समय पर अपनी प्रभावी मौजूदगी दर्ज कराई है। यह सिलसिला जारी है।

संवाद के दौरान वरिष्ठ पत्रकार राहुल देव ने पत्रकारिता की दशा पर दोटूक अंदाज में बात रखी, उन्होंने कहा कि सत्ता से प्रभावित या आक्रांत होकर पत्रकारिता नहीं की जानी चाहिए, न ही समाज इसकी अपेक्षा कभी करता है। उन्होंने कहा कि इसके विपरीत विडंबना यह है कि भारतीय पत्रकारिता में जो कुछ परोसा जा रहा है वह सिर्फ एक पक्ष है और एकपक्षीय बातों को सच नहीं माना जा सकता। यही वजह है कि गोदी पत्रकारिता जैसे जुमले चल पड़े हैं। राहुल देव ने सत्ता पोषित ख़बरनवीस या सत्ता से प्रभावित विचारों को सैध्दांतिक रूप से गलत करार दिया।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि और मप्र विस के अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि मौजूदा दौर में खुद को निखारने के लिये पत्रकारों को आत्मचिंतन और आत्मविश्लेषण करने पर जोर दिया, ताकि पत्रकारिता को समाज व देश के निर्माण के लिये उपयोगी बनाया जा सके। पूर्व राज्यपाल प्रो कप्तान सिंह सोलंकी ने पत्रकारिता के योगदान को रेखांकित किया लेकिन यह भी कहा कि कभी किसी जगह पर पत्रकारिता किसी और दिशा में भटकती या अटकती नजर आती है। इससे उबारने के लिये पत्रकारों और संस्थान के मालिको को मिलकर प्रयास करना होगा। इससे पहले सेंट्रल इंडिया प्रेस क्लब के अध्यक्ष विजय कुमार दास ने कार्यक्रम की रूपरेखा पर प्रकाश डाला और निष्पक्ष व निर्भीक पत्रकारिता के कालखंडों का उल्लेख किया,उन्होंने कहा कि कई मौके पर पत्रकारों ने सत्ता व सिस्टम से टकराने का साहस दिखाया है और इसके चलते कई बार सरकार को बैकफुट पर भी आते हुए देखा गया है। क्लब ने इसी लिये नये और पुराने पत्रकारों को एक छत के नीचे एकत्र करने का प्रयास किया है, ताकि पुरानी पीढी से नई पीढी भी पत्रकारिता के सबक सीख सके।

कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला,मंत्री विश्वास सारंग,पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश पचौरी,समाजवादी नेता रघु ठाकुर, पत्रकारिता विवि के कुल गुरू विजय मनोहर तिवारी व भाजपा नेता राहुल कोठारी मौजूद थे।

लाइफ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार: मुख्य अतिथि नरेंद्र सिंह तोमर व कप्तान सिंह सोलंकी ने वरिष्ठ पत्रकार महेश श्रीवास्तव, विजयदत्त श्रीधर,एनके सिंह,राहुल देव,राजेंद्र शर्मा,प्रमोद गोस्वामी,सुरेश मल्होत्रा,राकेश अचल, रामभुवन सिंह कुशवाह, राधावल्लभ शारदा,राजेश बादल, अभिलाष खांडेकर,रविंद्र जैन,कैलाश गौड़,सुधीर सक्सेना, प्रकाश हिंदुस्तानी, ह्रदयेश दीक्षित,राजेश सिरोठिया,आत्म दीप,प्रेम पगारे,राजेश पांडे, विजया पाठक,हरिमोहन मोदी, देव श्रीमाली,आरिफ मिर्जां, अनुराधा त्रिवेदी,अवधेश भार्गव,इरशाद खान,मनोहर बोथरा ,राम रावल,राधेश्याम अग्रवाल, सुशील अग्रवाल को दिया।

इस मौके पर जनसंपर्क आयुक्त रहे एसके मिश्रा,राकेश श्रीवास्तव को भी सम्मानित किया गया।

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