बोर्ड परीक्षा के पूर्व विगत वर्षों के प्रश्न पत्र अनिवार्यता से कराएं हल- कलेक्टर


    

अनूपपुर। 28 जनवरी 2026 कलेक्टर  हर्षल पंचोली ने आज विकासखंड जैतहरी अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पसला एवं फुनगा का निरीक्षण कर बोर्ड परीक्षा की तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों और शिक्षकों से सीधे संवाद कर परीक्षा परिणामों में सुधार के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। कलेक्टर ने कक्षा दसवीं के विद्यार्थियों से बोर्ड परीक्षा की तैयारी के संबंध में जानकारी ली तथा रिमेडियल कक्षाओं की स्थिति और हल कराएं जा रहे प्रश्नपत्रों का अवलोकन किया। उन्होंने प्री-बोर्ड परीक्षा परिणामों की समीक्षा करते हुए विशेष रूप से गणित और अंग्रेजी विषयों में विद्यार्थियों की प्रगति के बारे में जानकारी प्राप्त की।

कलेक्टर  पंचोली ने विद्यालय पसला में कक्षा दसवीं के विद्यार्थी संदीप यादव और उर्मिला बैगा से अपने समक्ष गणित एवं अंग्रेजी विषय के कुछ प्रश्न हल कराएं और स्वयं उनके उत्तरों की जांच भी की। इसी प्रकार शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय फुनगा में छात्र विवेक सिंह और कुलदीप पटेल से अभ्यास हेतु दिए जा रहे प्रश्नपत्रों में से गणित और अंग्रेजी के प्रश्न हल कराएं गए तथा उनके उत्तरों का मूल्यांकन किया गया। कलेक्टर ने शिक्षकों को निर्देशित किया कि विद्यार्थियों को किन विषयों और किन प्रश्नों में कठिनाई आ रही है, इसका विस्तृत विश्लेषण कर रिमेडियल कक्षाओं में उन बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया जाए। 

कलेक्टर  पंचोली जी ने कहा कि परीक्षा के अंतिम 10 दिन अत्यंत महत्वपूर्ण होते हैं, इसलिए इस अवधि में विद्यार्थियों की शैक्षणिक आवश्यकताओं पर विशेष फोकस रखते हुए सकारात्मक परीक्षा परिणाम सुनिश्चित किए जाएं। उन्होंने निर्देश दिए कि बोर्ड परीक्षा से पूर्व विगत वर्षों के प्रश्नपत्र अनिवार्य रूप से विद्यार्थियों से हल कराएं जाएं। शिक्षकों से अपेक्षा की गई कि परीक्षा परिणामों में सुधार के लिए विशेष प्रयास करें, कमजोर विद्यार्थियों की अलग से पहचान कर उन्हें अतिरिक्त मार्गदर्शन दिया जाए तथा प्रतिदिन अतिरिक्त कक्षाएं संचालित कर सभी विद्यार्थियों को परीक्षा के लिए पूर्ण रूप से तैयार किया जाए।

कलेक्टर  पंचोली जी ने शिक्षकों के साथ विद्यार्थियों के बेहतर परीक्षा परिणाम सुनिश्चित करने की रणनीति पर भी विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि सभी विद्यार्थी नियमित रूप से रिमेडियल कक्षाओं में भाग लें और विगत वर्षों के प्रश्नपत्र अनिवार्य रूप से हल करें, ताकि परीक्षा पैटर्न और प्रश्नों की प्रकृति को अच्छी तरह समझ सकें। उन्होंने टाइम मैनेजमेंट, अनुशासन और परीक्षा के दौरान प्रश्नपत्र हल करने की सही रणनीति पर विशेष जोर दिया। विद्यार्थियों को वन लाइनर प्रश्नों की निरंतर प्रैक्टिस कराने, अंग्रेजी विषय में पैसेज सॉल्व करने की तकनीक, ग्रामर की मजबूत तैयारी तथा महत्वपूर्ण टॉपिक्स का रिवीजन कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि शिक्षक विद्यार्थियों की विषयवार कमजोरियों की पहचान कर उन्हें लक्षित अभ्यास कराएं, जिससे उनका आत्मविश्वास बढ़ें और वे बोर्ड परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन कर सकें। 

इस दौरान जिला शिक्षा अधिकारी  तुलाराम आर्मों सहित विद्यालय के प्राचार्य एवं शिक्षक उपस्थित थें।